Newsalert9
बगहा
पश्चिमी चंपारण के बगहा अनुमंडल अन्तर्गत सभी 18 संकुल संघ की लीडर्स के साथ जिला परियोजना प्रबंधक आर. के. निखिल की अध्यक्षता में संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर जीविका परियोजना से जुड़ने के बाद सामाजिक परिवर्तन और आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनने की कहानियाँ साझा कीं।
दीदियों ने बताया कि वे समूह से कर्ज लेकर विभिन्न जीविकोपार्जन कार्य जैसे बकरी पालन, मुर्गी पालन, खेती बारी, किराना दुकान, सब्जी और फल की दुकान, नाश्ता की दुकान, कपड़े की दुकान आदि कर अपने परिवार की आमदनी बढ़ा रही हैं। उन्होंने जीविका परियोजना के पाँच नियमों – नियमित बैठक, नियमित बचत, लेन देन, नियमित ऋण वापसी और सही लेखांकन का पालन करने की जानकारी भी दी।

इसके अलावा, दीदियों ने बताया कि उनके घरों में शौचालय और स्नानघर है और वे अपने परिवार का जीवन बीमा भी करा रखा है। जिला परियोजना प्रबंधक ने दीदियों को पोषण वाटिका लगाने और स्वस्थ रहने के लिए व्यक्तिगत स्वच्छता पर ध्यान देने का अनुरोध किया। उन्होंने यह भी बताया कि जीविका दीदी अनुसूचित जाति/जनजाति आवासीय विद्यालयों में रसोइया और स्कूल की साफ-सफाई का काम भी बखूबी निभा रही हैं, जिससे उन्हें रोजगार का वैकल्पिक अवसर मिला है।
बगहा से किसलय की रिपोर्ट—










